Lokarpan of a Book Bhavashesh and topic discussion by cineyatra Bihars image in Indian cinema

It was a day of Book launch called Bhavashesh written by Coomar Arunodaya (Kumar Arunodaya) and a Discussion point of a topic called Bihar’s image in Indian Cinema by a newly formed organization called Cineyatra at BIA (Bihar Industries Association) Patna on 7th August 2014.

At the time of lokarpan of Bhavashesh many writers, artists, media persons and peoples interested in sahitya made there presence. some of the Guests were Dr. Anil Sulabh (Bihar Hindi sahitya sammelan), Sri Ranjan Suridev, Sri Satyanarayan (writer of Bihar Rajya Geet), Famous poet Dr. Shanti Jain, Sahityakar Dr. Mithilesh Kumari Mishra etc.

भावाशेष का लोकार्पण एवं भारतीय सिनेमा में बिहार की छवि पर संगोष्ठी

‘भावाशेष’ काव्य एवं संस्मरण संग्रह समाज, साहित्य एवं अध्यात्म की त्रिवेणी है | उक्त उदगार सिनेयात्रा एवं हमें भी पढाओ के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित लोकार्पण कार्यकम में साहित्य वाचस्पति आचार्य श्रीरंजन सूरिदेव ने व्यक्त किये | बिहार राज्य गीत के रचनाकार सत्यानारायण ने भावाशेष में डॉ. कुमार अरुणोदय की लेखकीय क्षमता पठनीय एवं रोचक है | चर्चित कवयित्री डॉ. शन्ति जैन ने भावाशेष को एक सारगर्भित कृति बताया | साहित्यकार डॉ. मिथलेश कुमारी मिश्र ने लेखक से यह आशा जाहिर कि वह अपनी कलम की गति को निरंतर जारी रखें | इस मौके पर बिहार हिंदी साहित्य सम्मलेन के अध्यक्ष डॉ. अनिल सुलभ ने कहा कि लेखक कुमार को हम जिस रूप में जानते रहे हैं उस लिहाज से इनकी यह कृति मुझे चकित करता है | उन्होंने यह भी कहा कि यह पुस्तक जीवन से साक्षात्कार कराता है |

इसके पूर्व कार्यक्रम का उद्घाटन उपस्थित अतिथियों ने दीप प्रज्वलित कर किया | ज्ञातव्य हो कि भावाशेष हिंदी के प्रतिष्ठित प्रकाशक प्रभात प्रकाशन से प्रकाशित हुई है |

Video and Picture of the book launch Bhavashesh -

launch of book bhavashesh

Lokarpan of a Book Bhavashesh by guests at BIA patna on 7th Aug 2014

Coomar Arunodaya speaking about the Bhavashesh

Getting blessings from Senior writers

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कार्यक्रम  की दूसरी कड़ी सिने संगोष्ठी में भारतीय सिनेमा में बिहार की छवि पर वरिष्ठ फिल्म समीक्षक आलोक रंजन ने कहा कि भारतीय सिनेमा में बिहार की उपस्थिति चिंताजनक है | इस मौके पर युवा फिल्मकार रविराज पटेल ने कहा कि बिहार में सेंसर बोर्ड के जगह फिल्म निर्माताओ को सेन्स बदलने की आवश्यकता है, अच्छा होता कि यह प्रयास किसी फिल्म प्रशिक्षण संसथान के लिए होता | इस मौके पर गीतकार सत्यनारायण, सिनेयात्रा के अध्यक्ष आर. एन . दास,  डॉ. कुमार अरुणोदय, निर्माता निर्देशक किरणकान्त वर्मा, अभिनेता सुमन कुमार, डॉ. मनीषा प्रकाश, रश्मि अभय ने भी संबोधित किया जबकि मंच का सफल संचालन कवयित्री डॉ. सविता सिंह नेपाली ने किया |

Pictures and videos -

Manisha Prakash resenting her view on the topic Bihar's image in Indian Cinema

Manisha Prakash Presenting her view on the topic Bihar's image in Indian Cinema

Raviraj Patel Presenting her view on the topic Bihar's image in Indian Cinema