Lalka Gulab – Bhojpuri Short film coming soon on Youtube

फिल्म के बारे में -

भोजपुरी फिल्मों में पसरी गंदगी से परे एक ईमानदार कोशिश है ललका गुलाब। भोजपुरी फिल्मों ने सबके मन में एक छवि बना दी है कि भोजपुरी सिनेमा में सिर्फ हिंसा, नग्नता और द्विअर्थी संवाद ही होता है। अब इसके पीछे के कारण को भोजपुरी भाषियों की अपनी भाषा व संस्कृति के प्रति उदासीनता कहें या अवसरवादी निर्माताओं की मनमानी, दोनों ही बातें पूरी तरह से मान्य हैं। इसी माहौल में मैं पिछले 7 सालों से घुट-घुटकर जी रहा था लेकिन तब मैं जानता नहीं था कि इसे कैसे ठीक करें। पढ़ाई के दौरान ही मन में एक बात बैठ गई थी कि अश्लील भोजपुरी फिल्मों व द्विअर्थी गीत-संवादों से बनी छवि मेरी मातृभूमि बिहार और मातृभाषा भोजपुरी की असल छवि नहीं है। जब फिल्म बनाने का मन बनाकर 2013 में मुंबई आया था तब से मन में था कि दर्शकों का स्वाद बदलना होगा। उन्होंने बहुत सालों से भोजपुरी में कुछ अच्छा ना देखकर एक दूरी सी बना ली है जिसे कम करना होगा।

जब ललका गुलाब के लेखक सह निर्माता अश्विनी रुद्र जी ने मेरी पहली लघु फिल्म “अंडर द रॉक” देखकर मुझसे ललका गुलाब की कहानी साझा करके पूछा था कि इस कहानी पर फिल्म बनाएंगे? तभी मुझे मेरा 6 साल पुराना सपना पूरा होने की तरफ एक कदम बढ़ता हुआ दिखाई दिया और मैंने तुरंत उनसे कहा कि हम इस कहानी से भोजपुरी में अपनी बात कह सकते हैं। मुझे याद है उस दिन अश्विनी रुद्र जी से फोन पर मेरी बात 4 घंटे तक हुई थी, वो न्यू यॉर्क में रविवार की छुट्टी मना रहे थे। वो दिन है और आज का दिन है, अश्विनी जी के सहयोग और अपनी जिद से मैंने ललका गुलाब बना ली। कठिनाइयां आतीं हैं लेकिन वो मायने नहीं रखतीं, मायने रखता है तो सिर्फ परिणाम। 28 अप्रैल को उसी परिणाम का इंतजार है जब हमारे मैड मंकीज़ प्रोडक्शन के बैनर तले बनी पहली भोजपुरी लघु फिल्म जनता के बीच होगी। आपको बता दें कि ये फिल्म आखर के यूट्यूब चैनल से रिलीज होगी। (www.youtube.com/c/aakharbhojpuri) आप सभी की प्रतिक्रिया का हम इंतजार कर रहे हैं। ये कहानी दादा-पोते के रिश्ते को दिखाने के साथ दादा का अपनी स्वर्गीय पत्नी के प्रति अटूट प्रेम को भी दिखाती है।

निर्देशक – अमित मिश्र
अमित मिश्र डुमरांव, बक्सर के रहने वाले हैं। अमित पेशे से इंजीनियर रह चुके हैं लेकिन अब वो पूरी तरह फिल्म निर्माण से जुड़ गए हैं और पिछले 4 साल से मुंबई में रहकर फिल्म निर्देशन में प्रयासरत हैं। उनकी पहली शॉर्ट फिल्म “अंडर द रॉक” नाबालिगों के बीच फैलते नशे की समस्या पर आधारित 11 मिनट की फिल्म है जो इंग्लैंड के फिश आई फिल्म फेस्टिवल में चुनी गई। उसके बाद अमित ने अपनी मातृभाषा भोजपुरी में 15 मिनट की दूसरी शॉर्ट फिल्म बनाई जिसका नाम है, ललका गुलाब। अमित को अपनी मिट्टी से बहुत लगाव है और वो कहते हैं कि भोजपुरी में पसरी गंदगी के खिलाफ कुछ अच्छा काम करना है, कुछ बदलाव लाना है तो हमें कम संसाधनों का इस्तेमाल कर अच्छी फिल्में बनाने की जरुरत है और उसे दर्शकों तक पहुंचाने की जरुरत है, खासकर उन दर्शकों तक जो भोजपुरी सिनेमा, गीत-संगीत से दूरी बना चुके हैं।

निर्माता – अश्विनी रुद्र, अमित मिश्र व कुणाल सिंह
लेखक – अश्विनी रुद्र

फिल्म के मुख्य कलाकार:
1. अभिषेक शर्मा – दादा जी
अभिषेक शर्मा जी पटना रंगमंच से जुड़े हुए वरिष्ठ कलाकार हैं। उन्होंने सिंह साहब द ग्रेट, नया पता, अनारकली ऑफ आरा सहित कई फिल्मों में काम किया है और ललका गुलाब में अभिषेक जी दादा का किरदार निभा रहे हैं।

2. विराट वैभव – वत्सल
विराट वैभव पटना स्थित किलकारी नामक बाल रंगमंच संस्था से अभिनय सीख रहा 10 साल का बहुत मंझा हुआ कलाकार है। ललका गुलाब से विराट फिल्मों में पहला कदम रख रहा है लेकिन आप जब विराट को अभिनय करते देखेंगे तो इस बच्चे की अभिनय क्षमता का अंदाजा लगा पाएंगे।